Wednesday, 1 April 2020

झारखंड लॉकडाउन: नाबालिग को घर पहुंचाने के बहाने किया गैंगरेप

भारत में लॉकडाउन के दौरान झारखंड के दुमका जिला से इंसानियत को शर्मसार करने वाली खबर आई है. 24 मार्च को राज्य में धारा-144 लागू होने के बाद 16 साल की नाबालिग युवती के साथ 10 लोगों ने गैंगरेप किया. ये घटना गोपीकांदर के गड़ियापानी जंगल में हुई. युवती दुमका शहर से गांव लौट रही थी.
आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है. आरोपी पीड़िता के गांव का ही है. लेकिन अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है.

क्या है पूरा मामला?

22 मार्च को जनता कर्फ्यू के बाद कोरोनावायरस की वजह से युवती का कॉलेज बंद हो गया था. इसलिए उसने गोपीकांदर प्रखंड क्षेत्र स्थित अपने घर जाना बेहतर समझा. उसने गोपीकांदर स्थित अपने घर खबर की कि उसे कारूडीह मोड़ से लेलें. वह अपनी सहेली के साथ स्कूटी से कारूडीह मोड़ पर पहुंची. युवती को ड्राप करने के बाद सहेली अपने घर पाकुड़ जिला की ओर चली गई.
लेकिन परिजन जब कारूडीह मोड़ समय पर नहीं पहुंचे, तब युवती ने अपने दोस्त को बताया जो गोपीकांदर का ही रहने वाला था. उसका दोस्त एक और शख्स को लेकर कारूडीह मोड़ पहुंचा. दोस्त की बाइक से युवती घर की ओर चल दी. लेकिन दोस्त युवती को गड़ियापानी जंगल ले गया. कुछ देर के बाद आठ अन्य दोस्त भी वहां पहुंच गए. उसके बाद मानवता को तार तार करते हुए सब ने गैंगरेप को अंजाम दिया. युवती के बेहोश होने के बाद उसे वहीं छोड़ सब भाग गए. वह रातभर जंगल में बेहोश पड़ी रही.

दोस्त ने चेकिंग का बहाना बताकर रास्ता बदला

युवती ने जब दोस्त विक्की से पूछा कि यह घर जाने का रास्ता नहीं है तो उसने कहा कि उस रास्ते पर चेकिंग चल रही है, इसलिए कच्चे रास्ते से होकर घर जा रहे हैं. कुछ दूरी पर जाकर विक्की ने सूनसान जंगल के पास बाइक को रोक दिया और कहा कि उसे शौच लगी है. युवती उसके अज्ञात दोस्त के साथ काफी देर तक सूनसान जंगल में खड़ी रही.
इसी बीच विक्की पहुंचा और अपने दोस्त के साथ मिलकर रेप किया. रेप करने के बाद आठ युवक नकाब पहने पहुंचे और जान से मार देने की धमकी देते हुए गले पर चाकू लगा दिया. इसके बाद सभी युवकों ने बारी-बारी से रेप किया.

रातभर जंगल में बेहोश पड़ी रही युवती

सामूहिक दुष्कर्म के दौरान युवती बेहोश हो गई. दूसरे दिन 25 मार्च की सुबह वह जंगल से किसी तरह से रेंगते हुए सड़क तक पहुंची. ग्रामीणों ने देखकर उससे बात की और परिजनों को सूचित किया. सूचना मिलते ही युवती की मां, पिता, भाई उस जगह पहुंचे और उसे उठाकर घर लेकर गए. भाई ने गोपीकांदर थाना की पुलिस
को जानकारी दी. गोपीकांदर थाना की पुलिस ने दुमका के मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया.