Sunday 21 July 2019

टीम इंडिया के 6 सबसे बदकिस्मत खिलाड़ी जिन्हें नही मिला अपने हिस्से का सम्मान

भारतीय क्रिकेट जगत में ऐसे बहुत से खिलाड़ी हुए है जिनका करियर रिकॉर्ड बेहद शानदार रहा है लेकिन उन्हें इसका वह सम्मान नही मिल पाया जिसके वह सच्चे हकदार थे।
आईये जानते है उन खिलाड़ियों के बारे में:

#1 मुनाफ पटेल

मुनाफ ने 2011 विश्वकप में सबसे ज्यादा विकेट लिए थे। इतना ही नही पाकिस्तान के खिलाफ उनकी शानदार गेंदबाजी की बदौलत ही भारत टूर्नामेंट में वापसी कर पाया था। लेकिन समय के साथ इस खिलाड़ी को भुला दिया गया।

#2 वीवीएस लक्ष्मण

वीवीएस लक्ष्मण को भारतीय क्रिकेट जगत में वह स्थान कभी नही मिला जिसके वह हकदार थे। सचिन तेंदुलकर की महानता की वजह से यह खिलाड़ी लोगो के बीच में उभर कर नही आ पाया।

#3 राहुल द्रविड़

द्रविड़ भारत के सबसे महान खिलाड़ियो में से एक है। सचिन के बाद सबसे ज्यादा रन बनाने वाले द्रविड़ की शख्सियत भी सचिन के आगे धूमिल सी नज़र आती है। यह खिलाड़ी हमेशा उस सम्मान के लिए वंचित रहा जो उसे असलियत में मिलना चाहिए था।

#4 रोजर बिन्नी

बिन्नी 1983 विश्वकप का हिस्सा रहे है और इन्होंने टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा विकेट भी लिए थे। लेकिन कपिल की जादुई कप्तानी के आगे ये कही खो से गए। इस बात में कोई शक नही के कपिल देव एक करिश्माई खिलाड़ी थे लेकिन रोजर बिन्नी को एक बड़ा सम्मान मिलना चाहिए था।

#5 चेतेश्वर पुजारा

अक्सर इस बात पर चर्चा की जाती है की कोहली टेस्ट और वनडे के बेस्ट बल्लेबाज है। लेकिन चेतेश्वर पुजारा की ओर किसी का ध्यान नही जाता। जिस तरह द्रविड़ सचिन की वजह से कमतर आंके गए, ठीक उसी तरह पुजारा को भी कोहली की वजह से ना तो टीम में स्थायी जगह मिल सकी और ना ही वह सम्मान जिसके वो हमेशा से हक़दार रहे है।

#6 गौतम गम्भीर

गंभीर ने हमेशा भारतीय टीम को संकट से उबारा है। ऐसा उन्होंने एक बार नही बल्कि कई बार किया है, फिर वह चाहे 2007 का टी20 फाइनल हो या फिर 2011 का फाइनल। लेकिन धोनी की कप्तानी के आगे इस शानदार खिलाड़ी की प्रतिभा ने दम तोड़ दिया। गंभीर को वह।सम्मान शायद कभी नही मिल पाया जिसके वह हक़दार थे।
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